प्रश्न का उत्तर अधिकतम 300 शब्दों में दीजिए। यह प्रश्न 15 अंक का है। [MPPSC 2019]
लोक लेखा समिति के गठन व कार्यों का वर्णन कीजिए। इसका क्या महत्त्व है?
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लोक लेखा समिति के गठन और कार्यों का वर्णन
लोक लेखा समिति (Public Accounts Committee) भारतीय संसद का एक महत्वपूर्ण अंग है। इसका गठन भारतीय संविधान के तहत किया गया है, और इसका मुख्य उद्देश्य सरकारी खजाने और खर्चों की जांच करना है। यह समिति संसद के दोनों सदनों, लोकसभा और राज्यसभा से चुने गए सदस्यों द्वारा बनाई जाती है।
1. गठन
लोक लेखा समिति का गठन लोकसभा के अध्यक्ष द्वारा किया जाता है। समिति में कुल 22 सदस्य होते हैं, जिनमें से 15 सदस्य लोकसभा से और 7 सदस्य राज्यसभा से होते हैं। इन सदस्यों का चुनाव एक वर्ष के लिए होता है। समिति का अध्यक्ष सामान्यतः लोकसभा से होता है। इसके गठन का उद्देश्य सरकारी खजाने के उपयोग और खर्चों की निष्पक्ष जांच करना है।
2. कार्य
लोक लेखा समिति के कार्यों में मुख्य रूप से निम्नलिखित शामिल हैं:
3. महत्त्व
लोक लेखा समिति का कार्य बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह सरकारी खर्चों पर निगरानी रखती है और यह सुनिश्चित करती है कि नागरिकों के टैक्स का पैसा सही जगह पर खर्च हो। इसके द्वारा किए गए कार्यों से सरकार की जवाबदेही बढ़ती है और भ्रष्टाचार को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।
उदाहरण: यदि किसी सरकारी विभाग ने धन का गलत उपयोग किया है, तो लोक लेखा समिति उसे पकड़कर सुधार के लिए सिफारिश कर सकती है, जैसे कि महाराष्ट्र में सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति में अनियमितताओं की जांच के दौरान लोक लेखा समिति ने उचित कार्रवाई की।
निष्कर्ष
लोक लेखा समिति का महत्त्व इसलिए है क्योंकि यह सरकारी खजाने और खर्चों की पारदर्शिता सुनिश्चित करती है। इसके माध्यम से सरकार को अपनी योजनाओं और कार्यक्रमों के लिए जिम्मेदार ठहराया जाता है, जिससे देश में अच्छे प्रशासन की स्थापना होती है।